समाज और देश-विदेश में घटित होने वाली घटनाओं को आम जनता तक पहुँचाने में जर्नलिस्ट (पत्रकार) की भूमिका सबसे महत्वपूर्ण होती है। जर्नलिस्ट को हिंदी में पत्रकार कहते हैं और यह एक ऐसा पेशा है जिसमें लोगों को देश-दुनिया से जुड़ी हर छोटी-बड़ी खबर, सच्चाई और तथ्यात्मक जानकारी से अवगत कराया जाता है। वर्तमान समय में स्कूल-कॉलेजों में पढ़ाई कर रहे अधिकतर छात्रों का सपना पत्रकारिता के क्षेत्र में करियर बनाना है, लेकिन पत्रकारिता केवल नौकरी नहीं होती, बल्कि समाज में हो रहे अपराध, भ्रष्टाचार और लोगों को उनके अधिकारों के प्रति जागरूक करने का एक उद्देश्य भी है।
पत्रकार बनने का सपना देखने वाले लोगों को यह पता होना अनिवार्य है कि इस क्षेत्र में करियर बनाने के लिए शैक्षणिक योग्यता, कोर्स, कौशल और फीस की लागत क्या होती है। यह लेख विशेष रूप से उन छात्रों और युवाओं के लिए बेहद उपयोगी है जो पत्रकार के रूप में अपना भविष्य बनाना चाहते हैं। आज के इस ब्लॉग लेख में आप विस्तार से जानेंगे कि Journalist Kaise Bane, साथ ही पत्रकारिता क्या होती है? और किन-किन क्षेत्रों में करियर के बेहतर अवसर उपलब्ध हैं।

| मुख्य उद्देश्य | कैसे बनें पत्रकार |
| योग्यता | 12वीं उत्तीर्ण या स्नातक डिग्री |
| प्रमुख कोर्स | B.A in Journalism, B.A in Mass Communication, P.G. Diploma in Journalism |
| फीस | ₹20,000 से ₹2,50,000 तक (कोर्स अनुसार) |
| करियर विकल्प | रिपोर्टर, एंकर, एडिटर, कंटेंट राइटर, सब-एडिटर |
पत्रकारिता क्या होती है?
पत्रकारिता एक ऐसा साधन है जिसके माध्यम से लोगों तक समाज और देश-विदेश में घटित होने वाली घटनाओं से संबंधित सटीक, निष्पक्ष और सत्य पर आधारित खबरों की जानकारी आम जनता को प्रदान की जाती है। यह कार्य केवल एक नौकरी नहीं है, बल्कि इसका मुख्य उद्देश्य समाज के लोगों को जागरूक करना, किसी घटना के लिए सचेत करना, लोकतंत्र को मजबूत करना और समाज में पाखंड व अंधविश्वास जैसे मुद्दों पर अनुयोजन करना होता है। इस क्षेत्र में कार्य करने वाले पत्रकार विभिन्न स्रोतों से समाचारों की खोज करते हैं फिर उनका विश्लेषण करते हैं, उसके बाद अखबार, टेलीविजन, रेडियो, डिजिटल मीडिया और वीडियोग्राफी के माध्यम से आम लोगों तक पहुँचाते हैं।
पत्रकारिता को लोकतंत्र का चौथा स्तंभ भी कहा जाता है क्योंकि आज इस डिजिटल युग में पत्रकार ही एक ऐसा व्यक्ति होता है जिसके माध्यम से पल भर में किसी खबर को लोगों तक आसानी से पहुँचाया जा सकता है। इस पद का दायरा केवल अपराध, भ्रष्टाचार और राजनीति तक सीमित नहीं है, बल्कि विज्ञान, पर्यावरण, खेल-कूद, स्वास्थ्य, शिक्षा, अर्थव्यवस्था और मनोरंजन जैसे अनेक क्षेत्र भी शामिल हैं।
पत्रकार खास क्यों होते हैं?
भारत में पत्रकारों को लोकतंत्र का चौथा स्तंभ कहा जाता है क्योंकि पत्रकार ही वो व्यक्ति होता है जो लोकतंत्र की रक्षा करने और जनता तक सत्य, निष्पक्ष और तथ्यात्मक जानकारी पहुँचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। पत्रकार इतने महत्वपूर्ण क्यों होते हैं, इसके कई ठोस कारण हैं। यहाँ पत्रकारों के महत्व को दर्शाने वाले कुछ प्रमुख कारणों को स्पष्ट किया गया है
- सच का पहरेदार: पत्रकारों का सबसे खास और बड़ा योगदान है कि वे सच को पूरी दुनिया के सामने रखते हैं। चाहे कोई झूठ हो, भ्रष्टाचार के खिलाफ आवाज हो, राजनीतिक घोटाला हो या प्रशासनिक लापरवाही सभी मुद्दों पर अखबार, टीवी और रेडियो के माध्यम से सच सब के सामने लाते हैं।
- आम आदमी की आवाज: एक पत्रकार का कार्य केवल खबरें दिखाना या प्रकाशित करना ही नहीं होता, बल्कि आम व्यक्तियों की आवाज जो कोई नहीं सुनता उनके लिए मददगार साबित होते हैं। चाहे गाँव के किसान हों, श्रमिक और मजदूर हों, महिलाएँ हों या बच्चे पत्रकार उनकी समस्याओं, संघर्षों और अधिकारों को समझने में अहम भूमिका निभाते हैं।
- खतरों का सामना: पत्रकार बनना जितना आसान देखने में लगता है, वास्तव में उतना ही चुनौतीपूर्ण और जोखिम भरा पेशा है। कई बार पत्रकारों को निडरता से निडरता के साथ अपराध स्थलों, दंगा प्रभावित इलाकों और प्राकृतिक आपदा क्षेत्रों में सच दिखाने के लिए अपनी जान जोखिम में डालना पड़ता है। रिपोर्टर्स विदाउट बॉर्डर्स (RSF) की एक रिपोर्ट के अनुसार, वर्ष 2023 में पत्रकारिता के दौरान कई पत्रकारों को अपनी जान गंवानी पड़ी।
पत्रकारिता के प्रकार
पत्रकारिता में पत्रकार के रूप में कई प्रकार के पद और भूमिकाएँ होती हैं, जिसमे प्रत्येक व्यक्ति का कार्य अलग-अलग होता है। सभी पत्रकारों की अपनी एक विशेषता होती है जिनके उद्देश्य, विषय और शैली अनुसार अलग-अलग कार्य विभाजित होता है। नीचे पत्रकारिता के सभी प्रमुख प्रकारों की सूची दी गई है।
- प्रिंट पत्रकारिता
- डिजिटल पत्रकारिता
- रेडियो पत्रकारिता
- सोशल मीडिया पत्रकारिता
- खेल-कूद पत्रकारिता
- व्यापार एवं आर्थिक पत्रकारिता
- अपराध पत्रकारिता
- इलेक्ट्रॉनिक पत्रकारिता
- विश्लेषणात्मक पत्रकारिता
- डेटा पत्रकारिता
- फोटो पत्रकारिता
- विकासात्मक पत्रकारिता
- सामुदायिक पत्रकारिता
- ड्रोन पत्रकारिता
- नागरिक पत्रकारिता
- खोजी पत्रकारिता
- यात्रा पत्रकारिता
- विचारशील पत्रकारिता
- पर्यावरण पत्रकारिता
- सांस्कृतिक और कला पत्रकारिता
कैसे बनें पत्रकार: Journalist Kaise Bane
पत्रकार बनना केवल एक सम्मानजनक करियर विकल्प ही नहीं है, बल्कि यह समाज में सकारात्मक बदलाव लाने का एक प्रभावशाली माध्यम भी है। यदि आपने पत्रकार बनने का सपना देखा है और उसे वास्तविकता में बदलना चाहते हैं, तो इसके लिए कुछ महत्वपूर्ण चरणों को पूरा करना अनिवार्य होता है। सही शैक्षणिक मार्ग, आवश्यक कौशलों और व्यावहारिक ज्ञान।
पत्रकार बनने के लिए योग्यता
पत्रकार बनने के लिए कुछ आवश्यक शैक्षणिक योग्यता और अनिवार्य कौशलों का ज्ञान होना बेहद जरूरी है। पत्रकार यानी जर्नलिस्ट बनने के लिए 10वीं कक्षा के बाद से ही पत्रकारिता से संबंधित कोर्स की योजना बनाई जा सकती है। 10वीं बाद पत्रकार बनने के लिए स्नातक और डिप्लोमा दो कोर्स माध्यम हैं।
- 12वीं उत्तीर्ण: पत्रकार बनने के लिए सबसे पहले 12वीं कक्षा उत्तीर्ण करना अनिवार्य है। यह पत्रकारिता करियर का शुरुआती और महत्वपूर्ण चरण है जिसे आप किसी भी स्ट्रीम कला, विज्ञान या वाणिज्य से पूरा कर सकते हैं।
- स्नातक डिग्री: पत्रकारिता के क्षेत्र में करियर बनाने की वास्तविक शुरुआत 12वीं के बाद स्नातक डिग्री कोर्स से होती है। जो उम्मीदवार पत्रकार बनना चाहते हैं, वो स्नातक में पत्रकारिता या जनसंचार (Journalism / Mass Communication) से संबंधित कोर्स का चुनें।
- आयु सीमा: पत्रकार बनने के कोई अधिकतम आयु सीमा नहीं है, उम्मीदवार किसी भी आयु में शुरुआत कर सकते हैं।

पत्रकार बनने के लिए कोर्स
पत्रकारिता वर्तमान और भविष्य के सबसे बेहतर करियर विकल्पों में से एक है। पत्रकार बनने की पढ़ाई के लिए 12वीं के बाद सही कोर्स का चयन करना बेहद महत्वपूर्ण होता है, क्योंकि यही आपके करियर की दिशा तय करता है। जो छात्र 10वीं कक्षा के बाद पत्रकार बनने की योजना बना रहे हैं, उनके लिए डिप्लोमा कोर्स, वहीं 12वीं उत्तीर्ण छात्रों के लिए स्नातक पत्रकारिता कोर्स और स्नातक पूरा करने के बाद मास्टर्स डिग्री के विकल्प भी मौजूद हैं। आप अपनी शैक्षणिक योग्यता, रुचि और करियर लक्ष्य के अनुसार पत्रकारिता से संबंधित कोर्स का चयन कर सकते हैं।
अंडरग्रेजुएट कोर्स (UG Courses):
पत्रकारिता के लिए अंडरग्रेजुएट कोर्स मुख्यतः तीन प्रकार के हैं, तीनों कोर्सों का संक्षेप में विवरण दिया गया है।
- BJMC (Bachelor of Journalism and Mass Communication): पत्रकार बनने का सपना देखने वाले छात्रों के लिए बैचलर ऑफ जर्नलिज्म एंड मास कम्युनिकेशन (BJMC) सबसे लोकप्रिय और पहली पसंद माना जाता है। यह एक तीन वर्ष का स्नातक डिग्री कोर्स है और इस कोर्स में छात्रों को पत्रकारिता से संबंधित समाचार लेखन, रिपोर्टिंग, मीडिया एथिक्स, फोटो जर्नलिज्म, डिजिटल मीडिया, विज्ञापन, जनसंपर्क (PR) टीवी और रेडियो प्रोडक्शन जैसे विषयों का सैद्धांतिक और व्यावहारिक ज्ञान दिया जाता है।
- BA in Mass Communication: यह भी तीन वर्ष का स्नातक डिग्री कोर्स है जो ऐसे छात्रों के लिए उपयुक्त है जो बीए की पढ़ाई के साथ पत्रकारिता और मीडिया को करियर के रूप में चुनना चाहते हैं। इस कोर्स में प्रिंट मीडिया, रिपोर्टिंग स्किल्स, रेडियो, टीवी, डिजिटल मीडिया और फिल्म निर्माण जैसे विषयों फोकस किया जाता है।
- BA in Journalism: इस स्नातक डिग्री कोर्स की अवधि भी तीन वर्ष निर्धारित है जिसमे पत्रकारिता के सिद्धांत, मीडिया कानून, नैतिकता, जनसंचार, लेखन कौशल, रिपोर्टिंग और विज्ञापन से जुड़े आवश्यक कौशल सिखाए जाते हैं।
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पोस्टग्रेजुएट कोर्स (PG Courses):
ऐसे छात्र जिनका उद्देश्य स्नातक डिग्री के बाद पत्रकारिता के क्षेत्र में विशेषज्ञता हासिल करना है, उनके लिए मास्टर्स डिग्री कोर्स उपलब्ध होते हैं। ऐसे कोर्सों को पोस्टग्रेजुएट (PG) कहा जाता है। पत्रकार बनने के लिए नीचे स्नातक के बाद चुने जाने वाले कुछ प्रमुख पोस्टग्रेजुएट कोर्स दिए गए हैं।
- MJMC (Master of Journalism and Mass Communication): यह पत्रकारिता का एक दो वर्षीय पोस्टग्रेजुएट डिग्री कोर्स है, जिसे स्नातक में किसी भी विषय से उत्तीर्ण छात्र कर सकते हैं। इस कोर्स का उद्देश्य छात्रों को अनुसंधान, खोजी पत्रकारिता, मीडिया निर्माण, जनसंचार, मीडिया प्रबंधन, विज्ञापन और जनसंपर्क जैसे विषयों में विशेषज्ञता प्रदान करना है।
- MA in Mass Communication: दो वर्षीय इस पत्रकारिता कोर्स में छात्रों को संचार सिद्धांत, विज्ञापन, रेडियो-टीवी निर्माण, लेखन कौशल, फिल्म निर्माण और जनसंचार के विविध पहलुओं की विस्तृत जानकारी दी जाती है।
डिप्लोमा कोर्स (6 महीने-1 साल):
जो छात्र कम समय में पत्रकार बनने का सपना पूरा करना चाहते हैं, उनके लिए डिप्लोमा कोर्स एक बेहतर विकल्प साबित हो सकता है। पत्रकारिता से जुड़े कुछ डिप्लोमा कोर्स ऐसे छात्रों के लिए विशेष रूप से उपयोगी हैं, जो 10वीं या 12वीं के बाद जल्द ही मीडिया क्षेत्र में प्रवेश करना चाहते हैं और व्यावहारिक ज्ञान प्राप्त करना चाहते हैं। नीचे कुछ डिप्लोमा कोर्सों की सूची दी गई है जिनकी अवधि 6 महीने से 1 वर्ष की होती है।
- Diploma in Journalism
- Diploma in Broadcast Journalism
- Diploma in Photojournalism
- PG Diploma in Journalism and Mass Communication
- Diploma in Digital Journalism
पत्रकार बनने के लिए जरूरी कौशल
पत्रकार बनने के लिए केवल शैक्षणिक योग्यता आवश्यक नहीं है। पत्रकारिता एक ऐसा क्षेत्र है जहाँ कुछ महत्वपूर्ण कौशलों का ज्ञान होना अत्यंत आवश्यक होता है। नीच कुछ प्रमुख कौशलों की सूची दी गई है जो आपको एक सक्षम और विश्वसनीय पत्रकार बनने में मदद करती हैं।
- संचार कौशल
- आलोचनात्मक सोच
- लोगों से बात करने की कला
- सवाल पूछने का तरीका
- तथ्यों की जांच करना
- सटीक स्रोतों से जानकारी लेना
- समय प्रबंधन का पालन करना
- समस्या समाधान करने की क्षमता
- व्याकरण और भाषा की समझ
- कम समय में रिपोर्ट तैयार करना
- समूह में कार्य करने की क्षमता
- SEO आधारित लेखन
- नैतिकता और जिम्मेदारी
- लोगों की भावनाओं को समझना
- सुनने और समझने की कला
- तकनीकी कौशल
- दबाव में सच्चाई बोलने का साहस
- गोपनीयता और सम्मान बनाए रखना
- निष्पक्षता और निष्पक्ष सोच
- कठिन एवं अजीब प्रश्न पूछने की क्षमता
- बेसिक वीडियो एडिटिंग और फोटो एडिटिंग
- प्राथमिकताएं निर्धारित करने का कौशल
- संवेदनशील मुद्दों को संभालने का कौशल
- पत्रकारिता नैतिकता का पालन

पत्रकारिता कोर्स के लिए प्रमुख संस्थान
पत्रकार बनने के लिए पत्रकारिता कोर्स में दाखिला लेने के लिए भारत में कई कई प्रतिष्ठित संस्थान और कॉलेज उपलब्ध हैं। यहाँ नीचे कुछ प्रमुख और चयनित संस्थानों की सूची दी गई है, जहाँ से आप पत्रकार बनने के लिए पत्रकारिता कोर्स कर सकते हैं। ध्यान रहे दिए गए संस्थानों की में सिर्फ उन्ही संस्थानों के नाम दिए गए हैं, जो उच्च गुणवत्ता वाली पत्रकारिता शिक्षा, अनुभवी शिक्षक और बेहतर रोजगार अवसर के लिए जाने जाते हैं।
- भारतीय जनसंचार संस्थान (IIMC), नई दिल्ली
- जामिया मिल्लिया इस्लामिया, नई दिल्ली
- एशियन कॉलेज ऑफ जर्नलिज़्म, चेन्नई
- जेवियर इंस्टीट्यूट ऑफ कम्युनिकेशंस, मुंबई
- सिंबायोसिस इंस्टीट्यूट ऑफ मीडिया एंड कम्युनिकेशन, पुणे
- इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ डिजिटल एजुकेशन, हैदराबाद
- काशी हिन्दू विश्वविद्यालय, वाराणसी
- लखनऊ विश्वविद्यालय, लखनऊ
- शिव नादर विश्वविद्यालय, ग्रेटर नोएडा
- हैदराबाद विश्वविद्यालय, हैदराबाद
- जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय, नई दिल्ली
- पंजाब विश्वविद्यालय, चंडीगढ़
- गौतम बुद्ध विश्वविद्यालय, ग्रेटर नोएडा
- बुंदेलखंड विश्वविद्यालय, झांसी
- इंटीग्रल विश्वविद्यालय, लखनऊ
- दयानंद सागर विश्वविद्यालय, बेंगलुरु
- केरल विश्वविद्यालय, तिरुवनंतपुरम
- कालीकट विश्वविद्यालय, मलप्पुरम
- उस्मानिया विश्वविद्यालय, हैदराबाद
- भारथियार विश्वविद्यालय, कोयंबटूर
- मैसूर विश्वविद्यालय, मैसूर
पत्रकारिता कोर्स की फीस
पत्रकार बनने के लिए कोर्स की फीस विभिन्न तथ्यों पर निर्भर करती है। इसमें कोर्स की अवधि, कोर्स का प्रकार (डिग्री, डिप्लोमा या सर्टिफिकेट), संस्थान की रैंकिंग, संस्थान का प्रकार (सरकारी या निजी) और विभिन्न सुविधाएँ पत्रकारिता कोर्स की फीस निर्धारित करते हैं। यहाँ नीचे पत्रकारिता कोर्स की अनुमानित फीस संरचना प्रस्तुत की गई है।
अंडरग्रेजुएट कोर्स फीस:
| कोर्स का नाम | फीस (सरकारी कॉलेज) | फीस (निजी कॉलेज) |
| BJMC | ₹10,000 – ₹15,000/वर्ष | ₹15,000 – ₹75,000/वर्ष |
| BA in Journalism | ₹8,000 – ₹18,000/वर्ष | ₹13,000 – ₹1 लाख/वर्ष |
| BA in Mass Communication | ₹9,000 – ₹16,000/वर्ष | ₹40,000 – ₹1 लाख/वर्ष |
पोस्टग्रेजुएट कोर्स फीस:
| कोर्स का नाम | फीस (सरकारी कॉलेज) | फीस (निजी कॉलेज) |
| MJMC | ₹15,000 – ₹40,000/वर्ष | ₹25,000 – ₹80,000/वर्ष |
| MA in Journalism | ₹20,000 – ₹50,000/वर्ष | ₹1 लाख – ₹2 लाख/वर्ष |
| MA in Mass Communication | ₹25,000 – ₹60,000/वर्ष | ₹60,000 – ₹3 लाख/वर्ष |
डिप्लोमा कोर्स फीस:
| कोर्स का नाम | फीस (सरकारी संस्थान) | फीस (निजी संस्थान) |
| Diploma in Journalism | ₹10,000 – ₹30,000 | ₹40,000 – ₹80,000 |
| PG Diploma in Journalism & Mass Comm. | ₹20,000 – ₹50,000 | ₹60,000 – ₹1.2 लाख |
| Diploma in Broadcast Journalism | ₹15,000 – ₹40,000 | ₹30,000 – ₹1 लाख |
नोट: पत्रकारिता से संबंधित इन कोर्सों की फीस केवल अनुमानित है। विभिन्न संस्थानों में फीस संरचना अलग-अलग हो सकती है। इसलिए सटीक जानकारी के लिए संबंधित विश्वविद्यालय या संस्थान की आधिकारिक वेबसाइट में जाँच करें।
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पत्रकारिता में करियर विकल्प और सैलरी
मीडिया, समाचार, रिपोर्टिंग, लेखन और संवाद जैसे कार्य पत्रकारिता के क्षेत्र में समाज को नई दिशा और दृष्टिकोण प्रदान करते हैं। पत्रकारिता से संबंधित कोर्स करने के बाद पत्रकार के रूप में विभिन्न प्रकार के करियर विकल्प उपलब्ध होते हैं। नीचे पत्रकारिता से संबंधित कुछ प्रमुख पद और उनकी प्रारंभिक अनुमानित सैलरी की जानकारी दी गई है।
| करियर विकल्प | मुख्य कार्य | प्रारंभिक वार्षिक वेतन |
| रिपोर्टर | खबरों को एकत्रित करना | ₹2.5 – ₹5 लाख |
| न्यूज एंकर | लाइव न्यूज देना और पढ़ना, इंटरव्यू लेना | ₹3 – ₹6 लाख |
| संपादक | लेख सुधारना, फाइनल कंटेंट तैयार करना | ₹4 – ₹10 लाख |
| कंटेंट राइटर | ब्लॉग, आर्टिकल, कॉलम लिखना | ₹2 – ₹4 लाख |
| फोटो पत्रकार | घटनाओं की तस्वीरें खींचना | ₹2 – ₹5 लाख |
| डिजिटल जर्नलिस्ट | वेबसाइट, सोशल मीडिया पर न्यूज़ पब्लिश करना | ₹3 – ₹6 लाख |
कुछ संबंधित प्रश्न: FAQs
जर्नलिस्ट कोर्स कितने साल का होता है?
जर्नलिस्ट कोर्स कितने साल का है, यह व्यक्ति की योग्यता पर निर्भर है। स्नातक रूप में जर्नलिस्ट कोर्स तीन वर्ष, पोस्टग्रेजुएट में दो वर्ष और डिप्लोमा में एक से दो वर्ष होता है।
12वीं के बाद पत्रकार कैसे बने?
12वीं के बाद पत्रकार बनने के लिए अंडरग्रेजुएट और डिप्लोमा कोर्स उपलब्ध हैं। BJMC, BA in Mass Communication, Diploma in Broadcast Journalism, Diploma in Digital Journalism और Diploma in Journalism जैसे कोर्स करके पत्रकार बन सकते हैं।
पत्रकार बनने के लिए सबसे अच्छी डिग्री कौन सी है?
जनसंचार में बीए, पत्रकारिता एवं जनसंचार (बैचलर ऑफ जर्नलिज्म एंड मास कम्युनिकेशन) में स्नातक, पत्रकारिता में बीए, पत्रकारिता एवं जनसंचार (एमजेएमसी) में स्नातकोत्तर, पत्रकारिता एवं जनसंचार में स्नातकोत्तर डिप्लोमा और पत्रकारिता में डिप्लोमा जैसे कोर्स पत्रकार बनने के लिए अच्छे हैं।
पत्रकार बनने के लिए क्या योग्यता होनी चाहिए?
पत्रकार बनने के लिए स्नातक, स्नातकोत्तर या फिर पत्रकारिता में डिप्लोमा कोर्स का प्रमाणपत्र होना अनिवार्य है। इसके अलावा संचार कौशल, लेखन कौशल, समय प्रबंधन और तकनीकी जैसे गुणों का स्नातक, स्नातकोत्तर ज्ञान होना भी जरूरी है।
पत्रकार बनने के लिए कौन सा कॉलेज सबसे अच्छा है?
पत्रकारिता कोर्स करने के लिए सबसे उच्च संस्थान Indian Institute of Mass Communication (IIMC), New Delhi है।
निष्कर्ष:
पत्रकार बनना केवल एक नौकरी नहीं, बल्कि समाज की समस्याओं को समझने, सच्चाई को सामने लाने और समाज की आँख और आवाज़ बनने का एक महत्वपूर्ण अवसर है। पत्रकारिता के क्षेत्र में करियर बनाने की असीम संभावनाएँ हैं। आप पत्रकारिता के तौर पर प्रिंट मीडिया, लेखन न्यूज एंकर, डिजिटल मीडिया और संपादक जैसे अनेकों क्षेत्रों में करियर बना सकते हैं।
दोस्तों, आज इस लेख में हमने पत्रकार कैसे बनें विषय पर विस्तार से जानकारी साझा किया है। हमें उम्मीद है कि यह लेख आपके लिए बेहद उपयोगी रहा होगा और आप समझ गए होंगे कि पत्रकार के रूप में करियर कैसे बनाया जा सकता है। लेख में हमने पत्रकारिता से संबंधी शैक्षणिक योग्यता, प्रमुख कोर्स और प्रमुख संस्थानों की जानकारी प्रदान की है। यदि आपका सपना भी पत्रकार बनना है तो अपनी योग्यता अनुसार कोर्स का चयन करें और पत्रकारिता की दुनिया में आत्मविश्वास के साथ कदम रख सकते हैं।
